जमशेदपुर, झारखंड : विगत 28 जुलाई से 108 एंबुलेंस कर्मी में हड़ताल में जाने से मरीज परेशान है। वहीं एंबुलेंस कर्मी का कहना है कि झारखंड प्रदेश एम्बुलेंस कर्मचारी संघ के द्वारा अपनी लंबित मांगों के समर्थन में अनिश्चितकालीन हड़ताल प्रारंभ की गई है। जिसमें संस्था सम्मान फाउंडेशन द्वारा दिनांक 26 जून 2025 को संघ के साथ एक लिखित समझौता किया गया था। लेकिन अब तक उस समझौते को लागू नहीं किया गया है।
साथ ही संस्था द्वारा कर्मचारियों को झारखंड सरकार एवं श्रम विभाग के दिशा-निर्देशों के अनुसार वेतन देने का आश्वासन दिया गया था.फिर भी वेतन का भुगतान मनमाने तरीके से किया जा रहा है। वहीं 108 एंबुलेंस कर्मियों का मांग है कि मानदेय फरवरी, मार्च, अप्रैल, मई, जून तक का भुगतान किया जाए एवं कर्मचारियों को EPF एवं ESIC ग्रुप बीमा की सुविधा उपलब्ध कराया जाए।
वहीं कर्मियों का कहना है कि अपने हक अधिकार मांगने व हड़ताल में शामिल होने पर संस्था की ओर से धमकी भरे पत्र भेजे जा रहे हैं। उधर 108 एम्बुलेंस परिसेवा बंद होने से मरीज और उनके परिजनों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा के लिए परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। मरीज के परिजनों का कहना है। कि स्वास्थ्य सेवा के लिए एंबुलेंस नहीं मिलने के कारण मरीज को निजी की वाहन द्वारा ले जाना पड़ रहा है जिसमें मूलभूत सुविधा उपलब्ध नहीं होता है। इसलिए मरीज को भगवान भरोसे यात्रा करना पड़ रहा है। साथ ही तय समय सीमा में वाहन भी उपलब्ध नहीं हो पता है इसलिए सरकार को इस दिशा में सबसे पहले पहल करनी चाहिए।
इस अवसर पर देबदत्त पात्र, राजेश कुमार दुबे,सोरज कुमार नाथ,कान्हू चरण बेरा, पिन्टू घोष,सत्यकिंकर घोष, कृष्णाअर्जुन महाकुड़, बिसाल सिंह,अर्जून दास, ऋषि सिंह, मनोज कुमार, देबू राणा ,गौरंग प्रधान, विस्वजीत प्रधान आदि उपस्थित थे।
Author: Desh Live News



