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current post: बागबेड़ा बृहद जलापूर्ति योजना को लेकर मिल रहे कोरा आश्वासन और कोर्ट में गलत रिपोर्ट देने को लेकर महानगर विकास समिति ने पीएम को लिखा चिट्ठी।, ID: 1796
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जमशेदपुर..

जमशेदपुर के बागबेड़ा में आसपास के क्षेत्र के लोगों को पानी उपलब्ध कराने के लिये वर्ष 2015 में तत्कालीन मुख्यमंत्री रघुवर दास के द्वारा बागबेड़ा में बृहद जलापूर्ति योजना की आशारशील रखी गयी थी,जिससे बागबेड़ा,कीताडीह,करनडीह,घाघीडीह सहित 21 ग्राम पंचायत के 113 गांवों के लाखों लोगों में शुद्ध पेयजल पाने की आस जगी थी। जो पिछले 11 सालों से दिवास्वप्न हो गया है,लोग पानी के लिए त्राहिमाम रह रहे हैं।
बागबेडा वृहद ग्रामीण जलापूर्ति योजना में बार-बार झूठ आश्वासन एवं झूठ रिपोर्ट न्यायालय में प्रस्तुत करने से 2 लाख 25 हजार जनता 11 वर्षों से बूंद बूंद पानी को तरस रही है।जिसको लेकर अबतक 598 बार लोगों के द्वारा जनांदोलन भी किया गया है लेकिन स्थिति जस की तस है। पेयजल की इस समस्या से जनता को निजात दिलाने के लिये बागबेड़ा महानगर विकास समिति ने डीसी जमशेदपुर के माध्यम से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को त्राहिमाम संदेश भेजा है।पीएम को भेजे त्राहिमाम संदेश में समिति ने प्रधानमंत्री नरेंद मोदी को लिखा है कि जमशेदपुर के बागबेड़ा हाउसिंग कॉलोनी के फिल्टर प्लांट के नव निर्माण एवं बागबेड़ा बृहद ग्रामीण जलापूर्ति योजना से बागबेड़ा, किताडीह, घाघीडीह, एवं करनडीह के 21 पंचायत के 113 गांव में जलापूर्ति की मांग को लेकर बागबेड़ा महानगर विकास समिति के अध्यक्ष सुबोध झा के नेतृत्व में 2005 से क्रमबद्ध जन आंदोलन किया जा रहा है, और इस योजना को धरातल पर उतरने के लिए बागबेड़ा महानगर विकास समिति विभिन्न प्रकार के जनआंदोलन 598 बार कर चुकी है, कई बार जिला मुख्यालय घेराव, प्रदर्शन, कई बार धरना, प्रदर्शन,भूख हड़ताल, रेलवे पंप हाउस जाम, सड़क जाम, मसाल जुलूस, लोकसभा वोट का बहिष्कार, विधानसभा का 6 बार घेराव, राज भवन का दो बार घेराव, जमशेदपुर से रांची पदयात्रा कर विधानसभा का घेराव, जमशेदपुर से दिल्ली पदयात्रा कर लोकसभा का घेराव के लिए निकले पद यात्रियों को झूठे लिखित आश्वासन देकर झारखंड सरकार द्वारा छठा दिन बुंडू में रोका गया था और कहा गया था कि 27 मार्च 2023 तक पाइप लाइन से घर-घर पानी पिला देंगे,, इस मामले को कई बार विधानसभा में पूर्व विधायक मेनका सरदार सदन में उठाया, इस मामले को पदयात्रा के समय 25 मार्च 2022 को लोकसभा में माननीय सांसद विद्युत वरण महतो जी के द्वारा उठाया गया, झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री माननीय रघुवर दास जी के द्वारा 2015 में बागबेड़ा ग्रामीण जलापूर्ति योजना का शिलान्यास किया गया, 2018 में घर-घर पानी देने का वादा किया गया था, और पानी कनेक्शन के लिए जनता से ₹450 रुपया जनरल से और 225 रुपया ऐसी एसटी से लिया गया है, हजारों लोगों के पास इसकी रसीद है,लगभग 4 करोड़ ₹50,000 हजार रुपए वसूल गए हैं,, आंदोलन के बाद 237 करोड़ 21 लाख रुपया सरकार ने स्वीकृत की थी, जिसमें वर्ल्ड बैंक के 50% केंद्र सरकार का 33% राज्य सरकार 16% और जनता की एक परसेंट की भागीदारी 450 रुपया और 225 रुपया करके उपलब्ध कराया गया, जनता को एक बूंद पानी भी नहीं मिला और 237 करोड रुपए का गमण हो गया, बागबेड़ा महानगर विकास समिति पुण इस योजना को पूरा करने के लिए जमशेदपुर से दिल्ली की पदयात्रा किया और झूठ लिखित आश्वासन दिए जाने को लेकर झारखंड हाई कोर्ट में जनहित याचिका दायर किया, फिर झारखंड हाई कोर्ट के निर्देश पर पुनः जनता को पानी की व्यवस्था तत्काल उपलब्ध कराने के लिए माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के जल जीवन मिशन के तहत आधा अधूरा बागबेड़ा ग्रामीण जला पूर्ति योजना को पूरा करने के लिए 50 करोड़ 58 लाख 63 000 की सुकृति झारखंड सरकार को प्राप्त हुई, और बागबेड़ा हाउसिंग कॉलोनी जला पूर्ति योजना के फिल्टर प्लांट के नव निर्माण कर शुद्ध पेयजल पिलाने के लिए 1 करोड़ 88 लाख 69, हजार 7 सो10 रुपया झारखंड सरकार को आंदोलन के बाद उपलब्ध हुआ,, दोनों योजना में 26 जुलाई 20 24 तक पाइपलाइन के माध्यम से घर-घर पानी देने का वादा पेयजल एवं स्वच्छता विभाग ने किया था,, झारखंड हाई कोर्ट ने 30 दिनों के अंदर जमशेदपुर उपायुक्त महोदय से आदेश पारित करने को कहा था, आज 19 महीने बीत गए किसी भी प्रकार के कार्रवाई न्यायालय में भी नहीं हुई, न्यायालय से भी जनता का विश्वास उठता जा रहा है।देखते देखते वर्ष 2025 आ गया है और दोनों योजना अबतक आधी-अधूरी है और घटिया निर्माण के चलते जनता को पानी प्राप्त नहीं हुआ और योजना ध्वस्त हो रही है, अब जनता जनार्दन माननीय प्रधानमंत्री जी से ही गुहार लगाती हैं,हम सभी जनता जनार्दन को स्वच्छ पानी पिलाने का सौभाग्य आपके पास है,आप इस पुण्य का कार्य को कर पुण्य का भागी बने,,
महामहिम राष्ट्रपति महोदय भारत सरकार नई दिल्ली जी से भी आग्रह है आप इस मामले में संज्ञान ले, जनता जनार्दन आपसे भी पानी के लिए गुहार लगती है,
महामहिम राज्यपाल झारखंड सरकार रांची,
महामहिम मुख्य न्यायाधीश सुप्रीम कोर्ट, नई दिल्ली से विनम्र आग्रह है पानी जैसी मूलभूत सुख सुविधाओं के लिए आप स्वयं संज्ञान लें और 225000 जनता को पानी पिलाकर पुण्य का भागी बने, महामहिम मुख्य न्यायाधीश हाई कोर्ट झारखंड, रांची
माननीय सभी प्रेस मीडिया एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के संपादक महोदय जी से आग्रह है आप सही प्लेटफॉर्म पर पूरे मामला को पहुंचने का कष्ट करें, आपके ही न्याय से हम सबों को पानी प्राप्त हो सकती है,
बागबेड़ा महानगर विकास समिति इन सभी मामलों को सूचना के अधिकार के तहत मांगा है किसी भी प्रकार की स्पष्ट सूचना विभाग के द्वारा उपलब्ध नहीं कराई गई हैराज्य सूचना आयुक्त के पास मामला लटका हुआ है
मुख मांग
01.बागबेड़ा ग्रामीण जला पूर्ति योजना एवं बागबेड़ा हाउसिंग कॉलोनी जलापूर्ति योजना धरातल पर नहीं आती है, सभी बस्तियों में टैंकरों के माध्यम पेयजल एवं स्वच्छता विभाग, टाटा स्टील, जुस्को कंपनी, तारापुर कंपनी एवं जिला प्रशासन टैंकरों के माध्यम से पानी उपलब्ध कराने,,,
02. गर्मी से पहले दोनों योजनाओं पर तेजी से काम करवा कर काम को पूरा करवाने,
03. दो योजना में जो लोग भी भ्रष्टाचार में दोषी हैं उनके ऊपर कानूनी कार्रवाई करने,,
04.सूचना के अधिकार के तहत मांगी गई सारी सूचनाओं को उपलब्ध कराने,,
05. योजना से रेलवे के 33 बस्तियों एवं जिन बस्तियों में पाइपलाइन नहीं बिछाई गई है उन सभी बस्तियों में पाइपलाइन बिछाने का आदेश देने,
06. पाइप बिछाने के नाम पर जहां-जहां गड्ढे खोदे कर छोड़े गए हैं सभी गढो को भरने,,
07. बागबेड़ा हाउसिंग कॉलोनी फिल्टर प्लांट के निर्माण के साथ-साथ फिल्टर प्लांट की सुरक्षा एवं जानवरों की सुरक्षा हेतु बाउंड्री वॉल करने,
08. बागबेड़ा हाउसिंग कॉलोनी के रोड नंबर एक रोड नंबर 2 रोड नंबर 3 में डेढ़ सौ से ऊपर घरों में 3 वर्षों से पानी नहीं आ रही है इन घरों में जांच कर पानी उपलब्ध कराने,
09.रामनगर गांधीनगर एवं विभिन्न बस्तियों में बचे हुए पाइप लाइन नहीं बिछाए गए हैं पाइप बिछाए कर घरों में कनेक्शन देने,
10. बागबेड़ा हाउसिंग कॉलोनी जला पूर्ति योजना में कार्यपालक अभियंता सुनील कुमार,, कार्यपालक अभियंता सुमित कुमार दोनों में से किनकी जवाब देही है स्पष्ट किया जाए, क्योंकि दोनों के दोनों अपने क्षेत्र में इस योजना को नहीं बताते।
समिति ने प्रधानमंत्री से आग्रह किया है कि भ्रष्टाचारियों पर कार्रवाई हो और 2 लाख 25 हजार हम जनता जनार्दन को पानी पिलाकर पुण्य का भागी बने।
आंदोलन के पहले चरण में
बागबेड़ा ग्रामीण जला पूर्ति योजना को धरातल पर उतरने के लिए11 जनवरी शनिवार को बागबेड़ा के रामनगर बड़ा बजरंगबली हनुमान मंदिर रामनगर चौक पर बागबेड़ा महानगर विकास समिति की ओर से एकदिवसीय धरना दी जाएगी।समिति ने इसकी प्रति राष्ट्रपति,सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश,राज्यपाल झारखंड,मुख्य न्यायाधीश झारखंड, मुख्यमंत्री झारखंड हेमन्त सोरेन,मुख्य सचिव झारखंण्ड,सहित पेयजल एवं स्वक्षता विभाग के कई अन्य अधिकारियों को भी दिया है।



